छत्तीसगढ़ में शिक्षक भर्ती परीक्षा स्थगित, हाईकोर्ट ने आरक्षित वर्गों को मौका देने तक लगाई रोक

छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने सहायक शिक्षक और शिक्षक संवर्ग की चयन परीक्षा के आयोजन पर रोक लगा दी है। मुख्य न्यायाधीश कृष्णराम महापात्र और न्यायमूर्ति संतोष शर्मा की दो सदस्यीय पीठ ने निर्देश दिया है कि जब तक भर्ती विज्ञापन में प्रत्येक आरक्षित श्रेणी को सम्मिलित कर संबंधित अभ्यर्थियों को फॉर्म भरने का अवसर नहीं मिलता, तब तक यह प्रक्रिया आगे नहीं बढ़ाई जाएगी। इसके चलते पूर्व निर्धारित तिथियों, 11 अक्टूबर 2026 की सहायक शिक्षक परीक्षा तथा 25 अक्टूबर 2026 की शिक्षक भर्ती परीक्षा को रोक दिया गया है।
यह विवाद कोरबा निवासी मीनाक्षी मंगलेकर एवं अन्य अभ्यर्थियों द्वारा दायर याचिका के बाद सामने आया। याचिकाकर्ताओं ने अदालत के समक्ष पक्ष रखा कि दिव्यांगजन अधिकार अधिनियम 2016 के तहत कम से कम चार प्रतिशत आरक्षण का प्रावधान होने पर भी मूल विज्ञापन में पूर्ण दृष्टिबाधित उम्मीदवारों को सम्मिलित नहीं किया गया। शासन की ओर से अदालत को अवगत कराया गया कि 16 अप्रैल 2026 के भर्ती विज्ञापन में संशोधन की सूचना नौ अक्टूबर को रायपुर और बिलासपुर के दैनिक समाचार पत्रों में दी गई थी। राज्य का कहना था कि आवेदन जमा करने की आखिरी मियाद 21 अगस्त 2026 को समाप्त हो जाने के कारण दृष्टिबाधित अभ्यर्थियों को अलग से अवसर प्रदान करना संभव नहीं है।
न्यायालय ने शासन के इस तर्क को अपर्याप्त ठहराते हुए रेखांकित किया कि जब पदों का श्रेणीवार विभाजन किया गया, तो दृष्टिबाधित श्रेणी को बाहर रखने का कोई उचित आधार नहीं था। खंडपीठ ने यह भी पाया कि संशोधन केवल सहायक शिक्षक के लिए निकाला गया था, शिक्षक पद के लिए नहीं। अदालत ने प्रशासन को नियमानुसार संशोधित अधिसूचना अथवा नवीन विज्ञापन प्रस्तुत करने की स्वतंत्रता प्रदान की है।
परीक्षाओं के स्थगित होने से प्रतियोगी छात्रों की बेचैनी बढ़ गई है। बिलासपुर स्थित गांधी चौक पर अभ्यर्थियों ने एकत्र होकर मोमबत्ती जुलूस निकाला और प्रशासनिक देरी पर रोष व्यक्त किया। प्रदर्शनकारियों में CGPSC 2025 के अभ्यर्थी भी शामिल थे, जिन्होंने भर्ती प्रक्रियाओं में पारदर्शिता तथा नियमों के पूर्व परीक्षण की मांग की। छात्रों ने सरकार से आग्रह किया कि आरक्षण की बाधाओं को दूर करते हुए भर्ती का नया समयबद्ध कार्यक्रम जारी किया जाए। वहीं निजी परीक्षा पोर्टलों पर आगामी परीक्षा छह दिसंबर 2026 को कराए जाने की संभावना जताई जा रही है।