कृषक उन्नति योजना: छत्तीसगढ़ के 24.72 लाख किसानों को 13,320 करोड़ रुपये की इनपुट सहायता हस्तांतरित

छत्तीसगढ़ सरकार ने कृषक उन्नति योजना के अंतर्गत खरीफ विपणन वर्ष 2023-24 में समर्थन मूल्य पर धान बेचने वाले 24.72 लाख किसानों के बैंक खातों में 13,289 करोड़ रुपये की अंतर राशि अंतरित की है। इसके अतिरिक्त, बीज निगम के माध्यम से धान बीज उत्पादन करने वाले 2,829 किसानों को 31 करोड़ रुपये से अधिक की अलग राशि दी गई। इस प्रकार कुल हस्तांतरण 13,320 करोड़ रुपये रहा, जो 24.75 लाख लाभार्थियों तक पहुंचा।
बिजनेस स्टैंडर्ड की रिपोर्ट के अनुसार, मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बालोद जिले के सरयू प्रसाद अग्रवाल स्टेडियम में आयोजित समारोह में इस योजना का शुभारंभ किया। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव राजनांदगांव से वर्चुअल माध्यम से इस कार्यक्रम से जुड़े थे। शासन के अनुसार, राज्य सरकार 3,100 रुपये प्रति क्विंटल की दर से धान खरीद कर रही है और किसानों को प्रति एकड़ अधिकतम 21 क्विंटल धान बेचने की अनुमति है।
मुख्यमंत्री साय ने समारोह में यह भी उल्लेख किया कि राज्य सरकार ने दिसंबर में अटल बिहारी वाजपेयी की जयंती के अवसर पर वर्ष 2014-15 और 2015-16 के बकाया धान बोनस के रूप में 3,716 करोड़ रुपये 13 लाख से अधिक किसानों को वितरित किए थे। उन्होंने यह भी बताया कि महतारी वंदन योजना के तहत 10 मार्च को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राज्य की 70 लाख से अधिक विवाहित महिलाओं के खातों में 655 करोड़ रुपये अंतरित किए।
कवर्धा जिले के मोतियारी गांव के किसान गंगाराम पटेल इस योजना के एक लाभार्थी हैं। उन्होंने बताया कि उनके पास सात एकड़ भूमि है जिसमें से पांच एकड़ में वे धान उगाते हैं। पिछले वर्ष उन्होंने 118 क्विंटल धान बेचा और योजना के अंतर्गत एकमुश्त एक लाख रुपये मिले, जिससे उन्होंने अपना अधूरा मकान पूरा कराया और बच्चों की शिक्षा की व्यवस्था की। यह विवरण एक प्रचार-उन्मुख स्रोत से आया है, अतः इसे प्रतिनिधि उदाहरण के रूप में ही लिया जाना चाहिए।
योजना के व्यापक आर्थिक प्रभावों अथवा दीर्घकालिक परिणामों का कोई स्वतंत्र आकलन उपलब्ध दस्तावेजों में नहीं है, इसलिए इस संदर्भ में कोई निष्कर्ष देना उचित नहीं होगा।