बस्तर: जगदलपुर में भारी बारिश के बाद कई बस्तियों में जलभराव, प्रशासन ने जारी की सतर्कता
जगदलपुर में भारी बारिश से कई बस्तियों में जलभराव हो गया है, जिससे आवागमन बाधित हुआ। प्रशासन ने सतर्कता जारी कर 11 सितंबर को स्कूलों में अवकाश घोषित किया।
जगदलपुर में भारी बारिश से कई बस्तियों में जलभराव हो गया है, जिससे आवागमन बाधित हुआ। प्रशासन ने सतर्कता जारी कर 11 सितंबर को स्कूलों में अवकाश घोषित किया।

धमतरी में गंगरेल बांध से पानी छोड़े जाने के बीच मुरुमसिल्ली जलाशय के पास मछली पकड़ते समय दो लोगों की डूबने से मौत हो गई।

छत्तीसगढ़ में मानसूनी बारिश से जनजीवन प्रभावित हुआ है। बस्तर संभाग के सुकमा और बीजापुर जिलों में बाढ़ के हालात हैं, जहां शबरी नदी उफान पर है और कई बस्तियां जलमग्न हो गई हैं।

बस्तर में भारी बारिश के कारण स्कूलों में अवकाश घोषित किया गया। जगदलपुर में राजमार्ग पर पेड़ गिरने से आवागमन बाधित हुआ, जिसे बाद में सुचारु किया गया।

छत्तीसगढ़ में 1 जून से अब तक 916.8 मिलीमीटर औसत वर्षा हुई है। बलरामपुर में सर्वाधिक 1313.4 मिलीमीटर और बेमेतरा में सबसे कम 448.0 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई।

बीजापुर में भारी बारिश से चिंतावागु नदी का जलस्तर बढ़ने पर नगर सेना के दल ने नाव चलाकर ग्रामीणों और मरीजों को सुरक्षित रूप से नदी पार कराई।

छत्तीसगढ़ में 1 जून से 23 अगस्त तक 783.0 मिमी औसत वर्षा दर्ज हुई है। मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर में 863.3 मिमी बारिश हुई, जबकि सारंगढ़-बिलाईगढ़ में सर्वाधिक वर्षा दर्ज की गई है।

रायगढ़ में लगातार वर्षा के बाद केलो बांध के चार फाटक खोल दिए गए हैं। केलो नदी का जलस्तर बढ़ने पर नगर निगम प्रशासन ने निगरानी तेज कर आपदा प्रबंधन अमले को सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं।

कबीरधाम में भारी वर्षा से कर्रानाला की पुलिया बह जाने के कारण भोरमदेव मार्ग पर आवागमन बंद हो गया। जिले में अब तक 453.8 मिमी औसत वर्षा दर्ज की गई है।

कोरबा के मिनीमाता बांगो बांध के 9 गेट खोलकर हसदेव नदी में 41 हज़ार क्यूसेक से अधिक पानी छोड़ा गया है। नदी उफान पर होने से निचले इलाकों में पानी भर गया है और तटीय क्षेत्रों में अलर्ट जारी किया गया है।

छत्तीसगढ़ के 22 ज़िलों में मौसम विभाग ने आंधी-बारिश और आकाशीय बिजली का अलर्ट जारी किया है। वहीं बीते 24 घंटों में बीजापुर में सर्वाधिक 72 मिमी बारिश दर्ज की गई है।

कोरबा के मिनीमाता हसदेव बांगो बांध में जलभराव 92.48 प्रतिशत होने पर 5 गेट खोलकर 3005 क्यूसेक पानी छोड़ा गया। इसके बाद प्रशासन ने नदी क्षेत्र के 35 गांवों में बाढ़ का अलर्ट जारी किया है।