गौरेला-पेंड्रा-मरवाही : मुख्यमंत्री नौनिहाल छात्रवृत्ति योजना से निर्माण श्रमिक के बच्चों की शिक्षा में मिल रही सहायता

छत्तीसगढ़ के गौरेला-पेंड्रा-मरवाही ज़िले में मुख्यमंत्री नौनिहाल छात्रवृत्ति योजना के माध्यम से निर्माण मजदूर के बच्चों की पढ़ाई में सहायता मिली है। जनसंपर्क विभाग की ओर से जारी आधिकारिक विवरण के अनुसार, यह योजना निर्माण क्षेत्र में कार्यरत परिवारों के बच्चों की शिक्षा की राह को आसान बनाने में सहयोगी साबित हुई है। इस पहल के जरिए मजदूर वर्ग के बच्चों को अध्ययन जारी रखने के लिए मदद उपलब्ध कराई जा रही है।
प्रशासनिक जानकारी के अनुसार, श्रम विभाग द्वारा पंजीकृत श्रमिकों के कल्याण के लिए कई तरह के कार्यक्रम संचालित किए जा रहे हैं। इन योजनाओं की प्रामाणिक जानकारी आम जनता और मजदूर परिवारों तक पहुँचाने के उद्देश्य से विभाग ने हेल्पलाइन सुविधा स्थापित की है। इच्छुक नागरिक टोल फ्री नंबर 07713505050 पर संपर्क करके विभागीय योजनाओं की विस्तृत जानकारी हासिल कर सकते हैं। इसके अलावा विभाग की आधिकारिक वेबसाइट पर भी सभी कल्याणकारी योजनाओं के नियम, पात्रता और आवेदन से जुड़ी जानकारियाँ दर्ज की गई हैं।
राज्य स्तर पर श्रमिकों और उनके परिजनों के हित में अनेक कदम उठाए गए हैं। आधिकारिक जानकारी के तहत रायपुर में आयोजित कार्यक्रम के माध्यम से मुख्यमंत्री के हाथों निर्माण श्रमिकों के 31 मेधावी बच्चों को 2-2 लाख रुपये की प्रोत्साहन राशि प्रदान करने की व्यवस्था की गई। इसके अतिरिक्त प्रदेश भर में श्रमिकों के उत्थान के लिए विभिन्न वित्तीय स्वीकृतियाँ और लाभ पहुँचाए गए हैं, जिसके तहत निर्माण श्रमिकों तथा उनके परिवारों के लिए 18.89 करोड़ रुपये की राशि भी स्वीकृत की गई थी।
इधर महासमुंद ज़िले में चलाए गए अभियानों के तहत 52 हज़ार से अधिक श्रमिकों को विभागीय योजनाओं के तहत लाभान्वित किया गया है। अधिकारियों के मुताबिक गौरेला-पेंड्रा-मरवाही ज़िले में भी मुख्यमंत्री नौनिहाल छात्रवृत्ति योजना के जरिए निर्माण कामगारों के आश्रितों को आवश्यक सहयोग प्राप्त हो रहा है। शासन का कहना है कि इन सभी पहलों का उद्देश्य श्रमिक परिवारों को सामाजिक सुरक्षा प्रदान करना और उनके बच्चों के शैक्षणिक विकास को सहयोग देना है।