अमृत भारत स्टेशन योजना: प्रधानमंत्री ने मध्य प्रदेश, गुजरात समेत चार राज्यों में 22 पुनर्विकसित स्टेशनों का किया लोकार्पण

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पंजाब में आयोजित एक समारोह से वर्चुअल माध्यम के ज़रिये देश भर के 20 राज्यों में 75 पुनर्विकसित रेलवे स्टेशनों का लोकार्पण किया। यह निर्माण कार्य अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत पूरा किया गया है। इस अवसर पर मध्य प्रदेश के 13, गुजरात के 4, छत्तीसगढ़ के 3 तथा झारखंड के 2 स्टेशनों को औपचारिक रूप से आम जनता को समर्पित किया गया।
रेलवे अधिकारियों के अनुसार, इन सभी परिसरों को आधुनिक यात्री सुविधाओं से युक्त किया गया है। पुनर्विकास से पहले यहाँ केवल बुनियादी व्यवस्थाएँ मौजूद थीं, जबकि अब नए स्टेशन भवन, लिफ्ट और फुट-ओवर-ब्रिज जैसी संरचनाएँ स्थापित की गई हैं। प्रशासन का कहना है कि स्टेशनों के कायाकल्प में ‘विरासत भी, विकास भी’ की अवधारणा को केंद्र में रखकर स्थानीय सांस्कृतिक पहचान, ऐतिहासिक धरोहर और आधुनिक स्थापत्य कला का सामंजस्य स्थापित किया गया है। अधिकारियों का दावा है कि इस पहल से क्षेत्रीय पर्यटन, वाणिज्यिक गतिविधियों और स्थानीय अर्थव्यवस्था को सहारा मिलेगा।
मध्य प्रदेश में जिन 13 रेलवे स्टेशनों का लोकार्पण हुआ, उनमें सांची, विदिशा, अशोकनगर, शिवपुरी, टीकमगढ़, बालाघाट, ब्यौहारी, भिंड, छिंदवाड़ा, हरपालपुर, जुन्नारदेव, एमसीएस छतरपुर और नैनपुर शामिल हैं। पश्चिम मध्य रेलवे के भोपाल मंडल के तहत आने वाले सांची स्टेशन पर राज्यपाल मंगूभाई पटेल, महिला एवं बाल विकास राज्य मंत्री सावित्री ठाकुर, स्थानीय विधायक प्रभुराम चौधरी और भोजपुर विधायक सुरेंद्र पटवा उपस्थित रहे। टीकमगढ़ स्टेशन के कार्यक्रम में मुख्यमंत्री मोहन यादव शामिल हुए। अशोकनगर में केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया तथा विधायक जगन्नाथ सिंह रघुवंशी उपस्थित रहे, जबकि विदिशा में राज्यसभा सांसद रजनीश अग्रवाल व विधायक मुकेश टंडन और शिवपुरी में विधायक देवेंद्र कुमार जैन ने भागीदारी की।
गुजरात में 109 करोड़ रुपये की कुल लागत से 4 स्टेशनों का नवीनीकरण किया गया है, जिनमें प्रताप नगर, गोधरा, पोरबंदर और भक्तिनगर शामिल हैं। वडोदरा मंडल के प्रताप नगर स्टेशन पर आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल ने हिस्सा लिया। इन चार परियोजनाओं के लोकार्पण के साथ ही गुजरात राज्य में योजना के अंतर्गत तैयार पुनर्विकसित स्टेशनों की कुल संख्या 22 हो गई है।