
फरवरी 2024: छत्तीसगढ़ में 211 पीएम-श्री स्कूलों का उद्घाटन, राष्ट्रीय शिक्षा नीति की जमीनी परीक्षा
छत्तीसगढ़ में 19 फरवरी 2024 को 211 पीएम-श्री स्कूलों का उद्घाटन हुआ, जो राष्ट्रीय शिक्षा नीति के क्रियान्वयन के मॉडल बनेंगे।

छत्तीसगढ़ में 19 फरवरी 2024 को 211 पीएम-श्री स्कूलों का उद्घाटन हुआ, जो राष्ट्रीय शिक्षा नीति के क्रियान्वयन के मॉडल बनेंगे।

छत्तीसगढ़ में महतारी वंदन योजना के तहत 70 लाख महिलाओं को पहली किस्त में 655 करोड़ रुपये डीबीटी से अंतरित किए गए, जिसका शुभारंभ प्रधानमंत्री मोदी ने किया।

छत्तीसगढ़ में कृषक उन्नति योजना के अंतर्गत 24.75 लाख किसानों को 13,320 करोड़ रुपये की इनपुट सहायता हस्तांतरित की गई।

छत्तीसगढ़ कैबिनेट ने सितंबर 2023 में प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण के तहत 6,99,439 लाभार्थियों को मकान स्वीकृत किए।

अम्बिकापुर के आमादरहा में मोटू राम को प्रधानमंत्री जनमन आवास योजना से पक्का घर मिला। उन्हें कच्चे मकान और मरम्मत के खर्च से मुक्ति मिली है।

सरगुजा की तारामणि राजवाड़े बिहान योजना से जुड़कर लखपति बनीं। उन्हें स्व-सहायता समूह से आर्थिक मदद मिली और उन्होंने अपनी आय बढ़ाई।

कोरबा में मंत्री लखनलाल देवांगन और महापौर संजू देवी राजपूत ने 37 करोड़ की जलप्रदाय योजना के विस्तार का भूमिपूजन किया। इससे जलापूर्ति में सुधार होगा।

सरगुजा के धौरपुर में 4.49 करोड़ रुपये की लागत से नवीन शासकीय महाविद्यालय भवन का भूमि पूजन हुआ। लुण्ड्रा विधायक प्रबोध मिंज मुख्य अतिथि रहे।

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय द्वारा शुरू महतारी वंदन योजना विवाहित महिलाओं को हर महीने ₹1000 की आर्थिक सहायता दे रही है, जिससे उनकी आत्मनिर्भरता बढ़ रही है।

अम्बिकापुर के ग्राम बटईकेला में आंगनबाड़ी निर्माण के लिए खसरा क्रमांक 1784 पर शासकीय भूमि की पुष्टि हुई। अतिक्रमण मामले में कार्रवाई शुरू की गई है।

सरगुजा की तारामणि राजवाड़े ने बिहान योजना से जुड़कर कृषि में निवेश किया और आर्थिक समृद्धि पाई, जिससे वे लखपति दीदी कहलाईं।

गौरीबाई को मुख्यमंत्री हेल्पलाइन में शिकायत के बाद अंत्योदय राशन कार्ड मिला। इससे उन्हें सरकारी योजनाओं का लाभ मिलेगा।

दुर्ग के पाटन में केसरा उद्वहन सिंचाई योजना के लिए 14.61 करोड़ रुपये स्वीकृत हुए हैं। इससे 1000 हेक्टेयर खरीफ क्षेत्र में सिंचाई होगी।

वन मंत्री केदार कश्यप ने दंतेवाड़ा में 1.49 करोड़ रुपये के विकास कार्यों का उद्घाटन किया। इनमें चौपाटी, गुमटियां, शौचालय और आंगनबाड़ी भवन शामिल हैं।

दिव्यांग एतवारो को सहायता मिली है। उनकी रुकी हुई पेंशन बहाल करने की प्रक्रिया शुरू हो गई है और उन्हें व्हीलचेयर भी मिली है।

जशपुर जिले में प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत 93 हजार से अधिक परिवारों को पक्के मकान मिले हैं।

आदिम जाति तथा अनुसचित जाति विकास विभाग ने वन अधिकार पत्रधारकों के भूमि विवादों के स्थायी समाधान के लिए व्यक्तिगत पत्रों में भू-निर्देशांक शामिल करने की पहल की है।

बलरामपुर जिले की दुर्गम पंडो बस्ती में स्वास्थ्य शिविर लगाकर 54 ग्रामीणों का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया।

छत्तीसगढ़ के बलरामपुर जिले के सुलसुली गांव में मनरेगा के तहत बने चेकडेम से कृषि में सुधार हुआ है। अब किसान सालभर सिंचाई कर दोहरी फसल ले सकेंगे।

राज्य सरकार ने सेवा सेतु केंद्र शुरू किए हैं, जहाँ नागरिकों को विभिन्न सरकारी सेवाएं और प्रमाण पत्र एक ही स्थान पर सुलभता से मिलते हैं।

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ में प्रधानमंत्री आवास योजना से लाखों परिवारों को स्थायी आवास मिल रहा है।

कृषक उन्नति योजना से सूरजपुर के किसान रूपनारायण ने धान की खेती में आत्मनिर्भरता हासिल की। उन्होंने 100 क्विंटल धान 2369 रुपये प्रति क्विंटल के समर्थन मूल्य पर बेचा।

कोरबा में खरीफ सीजन के लिए खाद और बीज जैसी कृषि आदान सामग्री की उपलब्धता में सुधार हुआ है। सहकारी समितियों के माध्यम से समय पर सामग्री मिलने से किसानों को राहत मिली है।

सक्ती के सिंघनसरा निवासी सतनारायण पटेल को प्रधानमंत्री आवास योजना से पक्का और सुरक्षित घर मिला है। इससे उनके परिवार की आवास संबंधी चिंताएं समाप्त हो गई हैं।

कवर्धा की श्रीमती चम्पा बाई को प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत पक्का घर मिला। वे अब सुरक्षित आवास में रह रही हैं।

सक्ती में राज्य सरकार द्वारा संचालित सेवा सेतु केंद्रों से नागरिकों को 441 से अधिक सरकारी सेवाएं एक ही स्थान पर मिल रही हैं।

कोरिया में महतारी वंदन योजना के लाभार्थियों को 30 जून तक ई-केवाईसी कराना अनिवार्य है, अन्यथा जुलाई की सहायता राशि नहीं मिलेगी।

सूरजपुर जिले के तीन पीएम श्री विद्यालयों ने पिछले तीन वर्षों के प्रदर्शन मूल्यांकन में छत्तीसगढ़ के शीर्ष पांच विद्यालयों में जगह बनाई है।

छत्तीसगढ़ सरकार की कृषक उन्नति योजना के तहत खरीफ 2026 से फसल विविधीकरण को बढ़ावा मिलेगा। धान के बदले अन्य फसल उगाने पर किसानों को प्रति एकड़ 15 हजार रुपये की सहायता मिलेगी।

सूरजपुर में स्थापित सेवा सेतु केंद्र ने नागरिकों को 441 से अधिक सरकारी सेवाएं एक ही स्थान पर प्रदान कर उनकी समस्याओं का समाधान किया है।